Thursday, May 16, 2019

Sahu KI Yaari

कुछ लोग भूल के भी भुलाये नहीं जाते,
ऐतबार इतना है कि आजमाये नहीं जाते,
हो जाते हैं दिल में इस तरह शामिल कि,
उनके ख्याल दिल से मिटाये नहीं जाते।





यारी किसी की जायदाद नही होती, ज़िंदगी किसी की मोहताज़ नही होती, हमारी सलतनत में देख कर क़दम रखना, हमारी दोस्ती में आने के बाद दोस्ती आज़ाद नही होती।

हमें “दुनियादारी” तो नहीं आती हैं,
पर इतना ज़रूर मालूम हैं के…….
दोस्ती के लिए,
“सच्ची यारी” कैसे निभायी जाती हैं..



दोस्ती में कोई नफ़रत नहीं…..
दोस्ती में कोई शिकायत नहीं..
Ek din zindagi aise muqaam par pahuch jayegi,
Dosti to sirf yaadon me reh jayegi,
Har cup coffee,Yaad doston ki dilayegi,
Aue haste-haste aankhein fir nam ho jayegi.








Dosti ki wajah nahi hoti,
Dosti saza nahi hoti,
Dosti me hoti he imaandari,
Dosti me duniadari nahi hoti,
Dost jaan se pyara hota he,
Dost se jaan pyari nahi hoti.


Wada Karte Hain Dosti Nibhayenge,
Koshish Yahi Rahegi Tujhe Na Satayenge,
Zarurat Pade Toh Dil Se Pukarana,
Marr Bhi Rahe Honge To Mohlat Lekar Aayenge.







दोस्ती तो दोस्तों का साथ हैं,
इसमें किसी तीसरे की जरुरत नहीं.

केबल पानी से तस्वीर कहाँ बनती है,
रूठे ख्वाबों से तकदीर कहां बनती है,
किसी से दोस्ती करो तो सच्चे दिल से,
क्यूँकि यह जिंदगी फिर कहाँ मिलती है।